Wednesday, September 29, 2010

ANYWAY

People are often Unreasonable , Illogical and Self-Centered;
FORGIVE THEM ANYWAY...

If you are honest and frank people may cheat you;
BE HONEST AND FRANK ANYWAY...

If you are kind people may accuse you of being selfish and having ulterior motives;
BE KIND ANYWAY...

If you are successful you will find some false friend and some true enemies;
SUCCEED ANYWAY...

What you spend years building someone may try to destroy overnight;
BUILD ANYWAY...

If you find serenity and happiness, they may be jealous;
BE HAPPY ANYWAY...

The good you do today, people will often forget tomorrow;
DO GOOD ANYWAY...

Give the world the best you have, and it may never be enough;
GIVE THE WORLD THE BEST YOU HAVE ANYWAY...

You see in the final analysis, it's between you and GOD;
IT WAS NEVER BETWEEN YOU AND THEM ANYWAY


Friday, September 24, 2010

जब दोस्त हो खफा


जब आपका सबसे अच्चा दोस्त आपसे बहुत नाराज़ हो और दोस्ती ख़त्म करना चाहता हो तो ऐसे में आप काफी उदास हो जाते हैं ! नाराज़गी की वजह कभी आपके द्वारा की गयी गलती या फिर ग़लतफहमी भी हो सकती है ! लेकिन इतने दिनों की दोस्ती एक पल में ख़त्म कर देना इतना आसान नहीं होता !

Follow the points to get back ur friend:-

  • अपने रूठे दोस्त को कुछ दिनों के लिए अकेला छोड़ दें ! इससे वो आपसे दूर रहेगा और उसका गुस्सा ठंडा होता जायेगा 
  • कुछ दिनों बाद दोस्त से बात करने को कहे ! उससे पूंछे कि आखिर तुम्हे कौन सी बात परेशान कर रही है ! इस पर अगर वो कुछ कहना चाहते हैं तो उसे ध्यान से सुने !
  • इसके दुसरे दिन भी उसे अकेला छोड़ दे ! अगले दिन एकांत माहौल में उससे कहे कि आप उन साड़ी वजहों पर बात करना चाहते है जो आपकी दोस्ती तोड़ रहा है उससे कहे कि आप अपने दोस्त को खोना नहीं चाहते !
  • अगर वो अब भी सख्ती से मन कर दे तो शांत हो कर पूंछे कि दोस्ती कायम क्यों नहीं रह सकती !
  • इस पर अगर वो अप्पकी बात माँ लेता है तो आपका दोस्त आपके पास वापस लौट आया है मगर ध्यान रहे कि पुराणी अंतरंगता प्राप्त करने में कुछ समय लग सकता है
  • जब भी अपने दोस्त से संपर्क करने जाएँ हमेशा शांत और नियंत्रित रहे ! उसके आगे गुस्सा जताने से उसकी नाराजगी और बाद जाएगी!
  • आपके लाख प्रयास के बावजूद वो आपसे दोस्ती नहीं कर रहा हो तो आपको यह समझाना होगा कि आप अभी तक भ्रम में थे कि वो आपका सबसे अच दोस्त है क्योंकि अच्छे दोस्तों में माफ़ करने कि क्षमता अधिक होती है !

Monday, September 20, 2010

MOTHER



      Dear friends ! do you know, our primary education starts from home and the mother is the first teacher. The mother's lap is the first school of child. As we are aware of this fact that the mother as a teacher, is the only foundation of a child in the great building of the social life, because while staying with the mother the child learns all the human qualities.

      According to psychologist whatever good or bad child learn's upto five years. at home is the only foundation because what he learns the same is only be developed later. So, the mother is the first teacher of a child then father and there after other close relatives.
      The atmosphere of the home and environment of the home and locality is very important in growth of a child. I would like to advise, that while dealing with the child the parents especially the mother should be very very careful about bringing up a child.
     In this way we see that the mother plays a very important role as a teacher in the development of the child and thus proves to be a good teacher.

ज़िन्दगी


फूलों की खुसबू ही नहीं, काँटों की चुभन भी है ज़िन्दगी !
सुबह का उजाला ही नहीं, रात का अँधेरा भी है ज़िन्दगी !
ख़ुशी का अरमा ही नहीं, गम की ग़ज़ल भी है ज़िन्दगी !
जवानी की बहार ही नहीं, बुढ़ापे की पतझड़ भी है ज़िन्दगी !
अमीरों की हवेली ही नहीं, गरीबों की झोपड़ी भी है ज़िन्दगी !
अरमानो का महल ही नहीं, सैन हकीकत है ज़िन्दगी !!



मेरा बचपन

अपनी छोटी सी दुनिया में झूल गया हूँ मैं,
बचपन की एक बात बतानी भूल गया हूँ मैं,
कितनी सुन्दर थी वो परियां और सपनों की दुनिया भी,
जिसमे रहकर दुनिया सारी भूल गया हूँ मैं,
न अपनी न औरों की कोई फिकर ही रहती थी
बस अपनी ही मस्ती में दुनिया मगन वो रहती थी
अब तो केवल यादों को ही सोच गया हूँ मैं,
उस चंचल मस्त सफ़र को न भूल गया हूँ मैं
उस सोंधी सी गीली मिट्टी की मिठास क्या कहती थी.
जिसके आगे चीकू का फल भूल गया हूँ मैं,
चंदा की लोरी सुनकर आँखों में नींद का आना भी,
और शायद वो चाँद सितारे भूल गया हूँ मैं,
बरसातों की झिलमिल में वो नाव बनाना कागज़ की,
शायद अब वो नाव बनाना भूल गया हूँ मैं
वो माँ का गुस्सा और प्यार झलकना आँखों से
दुनिया की गुमशुदगी में कहीं गुम गया हूँ मैं
बचपन की एक बात बताना भूल गया हूँ मैं
बचपन की एक बात बताना भूल गया हूँ मैं.............

Just a sweet poem by a lover……..

उसे सपने देखना पसंद है, मुझे सपने में वो,
उसे बारिश पसंद है, मुझे बारिश में वो,
उसे हसना पसंद है, मुझे हस्ते हुए वो,
उसे बोलना पसंद है, मुझे बोलते हुए वो,
उसे मैं कभी पसंद नहीं आया, और मुझे पसंद आये तो वो और सिर्फ वो.......

Sunday, September 19, 2010

What is LOVE?

Love is when your mom comes to you at night & say:
 "बेटा  ! I love you"
Love is when your भाभी say:
"ओये ! कोई लड़की-वडकी पटाई की नहीं"

Love is when you sister say:
"भाई ! मेरी शादी के बाद मुझसे झगडा कौन करेगा "

Love is when you are mood less and your brother says:
"चल कही घूम कर आते हैं "

Love is when your best friend calls you & says:
"कमीने ! तेरे बिना दिल नहीं लगता "


That’s LOVE. DON’T MISS IT IN LIFE. Love is not only for GirlFriend or BoyFriend.

Saturday, September 18, 2010

A LOVE LETTER

A love letter by a maths student to his girlfriend:
My sweet 'straight line',

Yesterday i was passsing through your 'rectangular' home in 'trigonometric' lane. There my eyes with 'positive slope' felt 'orthogonally' on your cute 'circular' face and 'conical' nose & 'spherical' eyes. Before seeing you my heart was a 'null set', but when a 'vector' from your eyes at 'deviation' of 'theta radians' made a 'tangent' to my heart i got 'differentiated'. My love for you is 'quadratic equation' with 'real roots'. Now you can only 'integrate' me back to my life.

with my love 'tending to infinity'

WHAT ARE FRIENDS

This post is entirely dedicated to the term said to be
"FRIENDSHIP"
ये दोस्त भी अजीब होते है देने पे आये तो जान देदे,
लेने पे आये तो हसी तक छीन ले,
कहने पे आये तो दिल के तमाम कोनो के रज बोल दे,
छुपाने पे आये तो ये तक न बताये की आखिर खफा क्यों है, 
नाराज़ होने पे आये तो साँस तक न लेने दे,
मानाने पे आये तो अपनी साँसों तक को वो वार दे........

इसलिए कहते है की दोस्ती ज़िन्दगी में नहीं बल्कि
ज़िन्दगी दोस्तों में होती है

Monday, September 13, 2010

THREE THING FOR WIN

1. एक बार एक गावं ने सोचा क्यों ना हम बारिश के लिए
भगवान से प्रार्थना करे !
 स्थान तय हुआ !!
सारा गावं वहा पंहुचा
पर एक बच्चा छतरी ले के पंहुचा !
इसको कहते हैं confidance




2.एक साल के बच्चे को हवा मैं उछाला
और वो हंस रहा था
क्योंकि उसको विश्वास हैं
कि कोइ उसे पकड़ भी लेगा
इसको कहते हैं trust.


3.हम रोज रात को बिस्तर पे सोने जाते हैं !!
हमे पता भी नहीं कि कल हमारी आँख खुलेगी भी या नहीं
पर फिर भी हम अगले दिन की रूप रेखा बना के सोते हैं
इसको कहते हैं hope



so never lose above three CONFIDENCE ,TRUST & HOPE